Campus Breakingवाराणसी

सांस्कृतिक विरासत को वर्तमान पीढ़ी तक ले जाने का महत्वपूर्ण कार्यक्रम है एक भारत श्रेष्ठ भारत : डॉ वीरेंद्र कुमार चंद्रसखी

आजादी का अमृत महोत्सव और एक भारत श्रेष्ठ भारत कार्यक्रम के अंतर्गत काशी हिंदू विश्वविद्यालय राष्ट्रीय सेवा योजना द्वारा राष्ट्रीय युवा संगीत सम्मेलन की 104वीं कड़ी का भव्य आयोजन किया गया।

राष्ट्रीय युवा संगीत सम्मेलन की 104वीं कड़ी के मुख्य अतिथि के रूप में शिक्षाविद् तवांग कॉलेज अरुणाचल प्रदेश के प्राचार्य डॉ येशी गिसेन ने स्वयंसेवकों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि एक भारत श्रेष्ठ भारत कार्यक्रम और आजादी का अमृत महोत्सव कार्यक्रम के माध्यम से अरुणाचल प्रदेश के युवा उत्तर प्रदेश के सांस्कृतिक कार्यक्रमों से जुड़कर राष्ट्रीय एकता के सूत्र को मजबूत बना रहे है। विशिष्ट अतिथि के रूप में पं सतीश बोहरा ने स्वयं सेवकों को संबोधित किया।

समारोह की अध्यक्षता शिक्षाविद् और मूर्धन्य कवि डॉ वीरेंद्र कुमार चंद्रसखी ने की। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि भारत दुनिया का एक महान देश है जिसके हजारों वर्षों के सांस्कृतिक विरासत को वर्तमान पीढ़ी तक ले जाने का महत्वपूर्ण कार्यक्रम है एक भारत श्रेष्ठ भारत। इस कार्यक्रम के माध्यम से आज पूरा राष्ट्र एकता के सूत्र में बंध रहा है और देश में युवाओं के बीच मित्रता और शांति का भाव विकसित हुए हैं।

कार्यक्रम का शुभारंभ हरियाणा के युवा कलाकार श्री ऋषि शर्मा के एकल हारमोनियम वादन से हुआ। उनके साथ पंडित हरेंद्र प्रसाद ने तबला संगति की।

इसके उपरांत चेन्नई की सुश्री केएस निश्रेया वरलक्ष्मी द्वारा भरतनाट्यम की मनमोहक प्रस्तुति की गई। कार्यक्रम का समापन जोधपुर के युवा कलाकारों द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति गीतों से हुआ। श्री निखिल बोहरा के नेतृत्व में राष्ट्रीय एकता की कई बंदिशें प्रस्तुत की गई।

कार्यक्रम में प्रोफेसर पंकज माला शर्मा, पंडित सतीश बोहरा, प्रोफ़ेसर उपेंद्र सिंह, पंडित देवेंद्र वर्मा, प्रोफ़ेसर लावण्या कीर्ति सिंह काव्या, डॉ संध्या गुप्ता, डॉ सच्चिदानंद त्रिपाठी, डॉ पूनम जयसवाल, डॉ बिलंबिता वाणीसुधा, डॉअन्नपूर्णा दीक्षित, श्री रंजीत सिंह सहित अनेक अतिथिगण उपस्थित थे ।

आरंभ में राष्ट्रीय सेवा योजना के क्षेत्रीय निदेशक डॉ अशोक श्रोति ने एक भारत श्रेष्ठ भारत और आजादी का अमृत महोत्सव कार्यक्रम के विविध पक्षों पर प्रकाश डाला।

कार्यक्रम का संचालन कार्यक्रम समन्वयक डॉ बाला लखेंद्र ने किया और धन्यवाद ज्ञापन डॉ पंकज बोरा ने किया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button