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मप्र में कक्षा दसवीं का परीक्षा परिणाम घोषित, शत-प्रतिशत छात्र सफल।

राज्य मंत्री इंदर सिंह परमार ने सिंगल क्लिक से घोषित किया दसवीं का परिणाम।

इन्दौर। मप्र सरकार में स्कूल शिक्षा (स्वतंत्र प्रभार) और सामान्य प्रशासन राज्य मंत्री इंदर सिंह परमार ने माध्यमिक शिक्षा मण्डल में हाई स्कूल सर्टिफिकेट 2021 का परीक्षा परिणाम सिंगल क्लिक के माध्यम से जारी किया। माध्यमिक शिक्षा मण्डल द्वारा संचालित हाई स्कूल सर्टिफिकेट 2021 परीक्षा परिणाम में 9 लाख 14 हजार 79 विद्यार्थियों के परीक्षा परिणाम घोषित कर दिये गये है। इनमें 3 लाख 56 हजार 582 (39 प्रतिशत) प्रथम श्रेणी में, 3 लाख 97 हजार 626 (43.50 प्रतिशत) द्वितीय श्रेणी में और 1 लाख 59 हजार 871 (17.48 प्रतिशत) परीक्षार्थी तृतीय श्रेणी में उत्तीर्ण हुए है। इस प्रकार मप्र में इस वर्ष का परीक्षा परिणाम शत प्रतिशत रहा है। श्री परमार ने कक्षा 10वीं के सभी विद्यार्थियों को परीक्षा में पास होने की बधाई देते हुए, कक्षा 11वीं में प्रवेश पर शुभकामनाएँ दी है। श्री परमार ने कहा कि कोरोना काल की विशेष परिस्थितियों में वैज्ञानिक आधार पर छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए परीक्षा परिणाम तैयार किया गया है। सभी विद्यार्थियों को उत्तीर्ण(पास) किया गया है। किसी भी विद्यार्थी को पूरक(सप्लीमेंट्री) प्रदान नहीं किया गया है। यदि कोई विद्यार्थी अपने परीक्षा परिणाम से असंतुष्ट है या जिनका परीक्षा परिणाम ”अनुपस्थित” दर्शाते हुए घोषित किया गया है, तो वे सितम्बर महीने में आयोजित होने वाली परीक्षा में अथवा किसी विषय विशेष की परीक्षा में सम्मिलित होकर अपने अंकपत्र में सुधार करा सकते है।

राज्य मंत्री श्री परमार ने कहा कि सभी विद्यार्थियों के लिये एक खुशखबरी है कि 25-26 जुलाई 2021 से कक्षा 11वीं एवं 12वीं के लिये स्कूल खोलने की प्रक्रिया प्रारंभ हो रहे है। सामाजिक दूरी का विशेष ध्यान रखते हुए सभी शिक्षण संस्थानों को अपनी बैठक क्षमता के अनुसार 50 प्रतिशत से कम उपस्थिति के साथ कक्षा संचालन की छूट रहेगी। विद्यार्थी स्वेच्छा और अभिभावकों की सहमति से स्कूल आ सकेंगे। विद्यार्थियों की सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है। शिक्षण कार्य के लिये शिक्षकों को कोरोना टीकाकरण लगवाना अनिवार्य किया गया है।

शिकायतों के निवारण की व्यवस्था:-

परीक्षा परिणाम के संबंध में छात्रों की शिकायतों के निवारण के लिये मप्र सरकार ने विशेष व्यवस्था किया है। यदि किसी छात्र को अंकों के संबंध में कोई शिकायत है तो वह एम.पी. ऑनलाइन पोर्टल पर बनाए गए विशेष साफ्टवेयर के माध्यम से अपना अनुक्रमांक एवं आवेदन क्रमांक अंकित कर मूल अंक, कटौती उपरांत प्रदत्त अंक तथा शाला के औसत अंकों के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकता है।

परीक्षार्थियों को दी जा रही अंकसूची में यदि किसी प्रकार की लिपिकीय त्रुटि है तो परीक्षा परिणाम घोषित होने की तिथि से तीन माह की अवधि तक उसे ठीक कराने के लिये आवेदन कर सकते है, जो नि:शुल्क रहेगा। तीन माह के बाद सुधार कराने वाले छात्र-छात्राओं को सशुल्क आवेदन करना होगा।

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